News Content
नई दिल्ली: कृषि मंत्री ने बीज उत्पादकों से कहा कि वो किसानों को जो बीज देते हैं वो बेहतर ढंग से, परीक्षण करके दें, क्योंकि किसान की एक साल अगर फसल बिगड़ गई तो 5 साल के लिए फिर वो बुरी हालत में रहता है.
अगर कोई डीलर नकली सीड्स बेचता है उसको कैसे रोका जा सकता है? हम सीड ऐक्ट ला रहे हैं. इस बार हमने तय किया है. संसद के बजट सत्र में हम पेस्टिसाइड और सीड दोनों एक्ट लेकर आएंगे, हम किसान को बर्बाद नहीं होने दे सकते", केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोमवार को मुंबई में एशियाई बीज कांग्रेस 2025 में ये अहम बात कही.
सरकार ने कसी कमर
दरअसल इस साल देश के कई हिस्सों से किसानों की तरफ से सरकार के सामने ख़राब बीज और नकली कीटनाशकों की शिकायत आई हैं. अब सरकार 1 दिसम्बर से शुरू होने वाले संसद के बजट सत्र के दौरान इन दोनों मामलों से सख्ती से निपटने के लिए नया बिल लाने की तैयारी कर रही है.
कृषि मंत्रालय के मुताबिक,
"बीज विधेयक, 2025 के मसौदे में बाजार में उपलब्ध बीजों और रोपण सामग्री की गुणवत्ता सुनिश्चित करना, किसानों को किफायती दरों पर अच्छे बीज उपलब्ध कराना, नकली और घटिया बीजों की बिक्री पर अंकुश लगाना, किसानों को हानि से बचाना, नवाचार को बढ़ावा देना, बीज की वैश्विक किस्मों को किसानों तक पहुंचाने के लिए बीज आयात को उदार बनाना और बीज आपूर्ति श्रृंखलाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही द्वारा किसानों के अधिकारों की रक्षा का प्रस्ताव है".
कृषि मंत्री ने पूछे सवाल
मुंबई में देश के बड़े बीज उत्पादकों को संबोधित करते हुए, कृषि मंत्री ने कहा - घटिया बीज एक समस्या है और वो समस्या आपके बीच में कुछ लोगों के कारण हुई है, इसको कौन रोकेगा? आपने कमेटी बनाई हुई है, वो काम करती है या नहीं करती?
कृषि मंत्री ने बीज उत्पादकों से कहा कि वो किसानों को जो बीज देते हैं वो बेहतर ढंग से, परीक्षण करके दें, क्योंकि किसान की एक साल अगर फसल बिगड़ गई तो 5 साल के लिए फिर वो बुरी हालत में रहता है.
सोर्स: NDTV इंडिया








